CM हाउस में मंथन: हारी सीटों, कमजोर बूथों और मंत्रियों के कामकाज पर मोहन सरकार की बड़ी समीक्षा

भोपाल। मध्यप्रदेश की मोहन सरकार के ढाई साल पूरे होने से पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सरकार और संगठन के बीच तालमेल को मजबूत करने के लिए मंत्रियों के साथ लंबा मंथन किया। सीएम हाउस में हुई इस अहम बैठक में हारी हुई विधानसभा सीटों, कमजोर बूथों, निकाय चुनावों की तैयारी, संगठनात्मक गतिविधियों और विभागीय कामकाज की गहन समीक्षा की गई।


बैठक में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश और प्रदेश प्रभारी डॉ. महेंद्र सिंह सहित संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे। मंत्रियों से उनके प्रभार वाले जिलों की राजनीतिक स्थिति, संगठन के साथ समन्वय, विकास कार्यों की प्रगति और चुनावी वादों पर किए गए कार्यों का हिसाब मांगा गया।


हारी सीटों और कमजोर बूथों पर फोकस


बैठक में विशेष रूप से उन विधानसभा सीटों पर चर्चा हुई जहां भाजपा को हार का सामना करना पड़ा था। मंत्रियों से पूछा गया कि कमजोर बूथों को मजबूत करने के लिए अब तक क्या रणनीति बनाई गई है। साथ ही विपक्षी दलों की गतिविधियों और स्थानीय राजनीतिक समीकरणों पर भी फीडबैक लिया गया।


निकाय और पंचायत चुनाव की तैयारी


आगामी नगर पालिका और पंचायत चुनावों को लेकर भी विस्तृत चर्चा हुई। संगठन की ओर से मंत्रियों से पूछा गया कि उनके जिलों में कौन-कौन सी सीटें मजबूत और कमजोर स्थिति में हैं। प्रत्याशी चयन, बूथ मैनेजमेंट और चुनावी रणनीति पर भी मंथन हुआ।


योजनाओं और विभागीय कामकाज की समीक्षा


मुख्यमंत्री ने मंत्रियों से विभागीय कामकाज, योजनाओं के क्रियान्वयन और जमीनी स्तर पर उनके असर को लेकर सवाल किए। स्कूल, स्वास्थ्य केंद्र, आंगनबाड़ी, किसान कल्याण और अन्य योजनाओं की प्रगति रिपोर्ट भी तलब की गई। मंत्रियों से उनके जिलों में किए गए दौरे, बैठकों और विकास कार्यों की मॉनिटरिंग की जानकारी ली गई।


समितियों और निगम-मंडलों पर भी चर्चा


बैठक में विभिन्न निगम-मंडलों, समितियों और बोर्डों में हाल ही में नियुक्त पदाधिकारियों के प्रशिक्षण और समन्वय को लेकर भी चर्चा हुई। राज्य मंत्रियों के अधिकार बढ़ाने के मुद्दे पर भी विचार-विमर्श किया गया।


मंत्रिमंडल विस्तार पर फिलहाल विराम


प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने स्पष्ट किया कि फिलहाल मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई है। अभी सरकार का पूरा फोकस संगठन को मजबूत करने और चुनावी तैयारियों पर है।


बिना पायलट गाड़ी पहुंचे मंत्री


बैठक के दौरान ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर बिना पायलट गाड़ी के खुद ई-स्कूटी चलाकर मुख्यमंत्री निवास पहुंचे, जिसकी चर्चा पूरे दिन राजनीतिक गलियारों में होती रही।
TV20 भारतवर्ष
“भारत की बात, जनता के साथ”